दिव्यांगों के हक में हाईकोर्ट का फैसला: छत्तीसगढ़ शिक्षक भर्ती परीक्षा रुकी, सरकार से जवाब-तलब
बिलासपुर
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने राज्य में 2,292 पदों पर होने वाली शिक्षक और सहायक शिक्षक भर्ती परीक्षा पर रोक लगा दी है। चीफ जस्टिस कृष्णराम महापात्र की डिवीजन बेंच ने यह फैसला भर्ती विज्ञापन में दिव्यांगों, विशेषकर पूरी तरह से दृष्टिबाधित अभ्यर्थियों, के आरक्षण नियमों में हुई गड़बड़ी के आरोप पर सुनाया है। याचिकाकर्ताओं के वकील रूंगटा ने सामान्य प्रशासन और समाज कल्याण विभाग के सर्कुलर्स का हवाला देते हुए कोर्ट को बताया कि विज्ञापन में अन्य दिव्यांग श्रेणियों को तो आरक्षण दिया गया है, लेकिन दृष्टिबाधितों को इससे वंचित रखा गया है, जो कि उनके संवैधानिक और समान अवसर के अधिकारों का उल्लंघन है।
इस याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने राज्य सरकार को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है। इस स्टे का सीधा असर व्यापमं (व्यावसायिक परीक्षा मंडल) द्वारा 11 अक्टूबर को आयोजित होने वाली सहायक शिक्षक परीक्षा और 25 अक्टूबर को प्रस्तावित शिक्षक भर्ती परीक्षा पर पड़ा है। कुल 2,292 पदों (ई-संवर्ग के 795 और टी-संवर्ग के 1,497 पदों) के लिए होने वाली इस प्रक्रिया के रुकने से अभ्यर्थी असमंजस में हैं और अब सभी को परीक्षा स्थगित करने या आगे की कार्यवाही को लेकर सरकार व परीक्षा मंडल की ओर से आधिकारिक सूचना जारी होने का इंतजार है।